गौवंश आधारित जैविक खेती से भूमि, पर्यावरण और स्वास्थ्य में होगा सुधार- बिहारी लाल साहू
डिण्डौरी: शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय किसलपुरी विकास खण्ड अमरपुर के 45 विद्यार्थियों को औद्योगिक भ्रमण व्यावसायिक शिक्षा (ट्रेड़ – कृषि) के अंतर्गत नर्मदांचल गौ सेवा समिति ग्राम ढोंढ़ा मे लाया गया। और छात्र-छात्राओं को जैविक फार्म हाउस पर कृषि से संबंधित विभिन्न प्रकार की महत्वपूर्ण जानकारी प्राप्त हुआ ।
भारतीय किसान संघ के जिलाध्यक्ष व जैविक कृषि विशेषज्ञ ने जैविक फार्म हाउस ग्राम ढोंढ़ा में आज विद्यार्थियों को जीवामृत, केंचुआ खाद प्रायोगिक दिखाकर सिखाया साथ ही जीवामृत मे सूक्ष्म जीवों की मात्रा प्रत्येक 2 घंटे मे दोगुना बढ़ता है।
केंचुआ खाद बनाने का प्रायोगिक दिखाया साथ ही जैविक/प्राकृतिक खेती पर विस्तृत जानकारी दिया । और जैविक फार्म हाउस पर लगी हुई सब्जियां को दिखाया एवं बताया कैसे हम जैविक खेती कर सकते है । केला, पपीता, अदरक, करेला, सेमी, मूली,टमाटर,गोभी, भटा, आलू, मटर, प्याज, लहसुन, लाल भाजी, राई भाजी, मेथी भाजी आदि को देखा और शिक्षक,विद्यार्थियों ने सराहना किया ।
प्राकृतिक खेती केवल खेती पद्धति नहीं, बल्कि धरती मां की सेवा और मानवता के स्वास्थ्य की रक्षा का संकल्प है।
एक देशी गाय के गोबर और गौमूत्र से 30 एकड़ भूमि तक को उपजाऊ बनाया जा सकता है, यही इस पद्धति की शक्ति है।
हमारा लक्ष्य है,आने वाली पीढ़ियों को फसल ही नहीं, बल्कि उपजाऊ धरती का अमूल्य उपहार देना। समाज को जहरमुक्त, स्वास्थ्यप्रद आहार उपलब्ध कराना।
इस प्रशिक्षण का उद्देश्य विद्यार्थियों को पारंपरिक कृषि के साथ-साथ आधुनिक, टिकाऊ और पर्यावरण – सम्मत खेती के तरीकों से अवगत कराना रहा। यह पहल न केवल कृषि कार्यो में दक्ष बनाएगी, बल्कि उन्हें आत्मनिर्भर और रोजगारोन्मुखी भी बनाएगी। इस दौरान (कृषि-ट्रेड़) के 45 विद्यार्थियों ने औद्योगिक भ्रमण प्रक्षिक्षण में रुचि लेकर भविष्य में जैविक खेती को अपनाने की इच्छा व्यक्त की ।
इस कार्यक्रम में जैविक कृषि विशेषज्ञ बिहारी लाल साहू, व्यावसायिक शिक्षा ट्रेड़ से शिक्षक विनायक राज नंदा, रनमत तेकाम, हरि विशाल मिश्रा, मनीश यादव
और समस्त स्टाफ शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय किसलपुरी सहित 45 छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।











